
मथुरा। उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के नरी सेमरी गांव स्थित प्राचीन देवी मंदिर में चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर शनिवार को तृतीया (तीज) के दिन विशेष आरती का भव्य आयोजन किया गया। इस अद्भुत आरती को देखने के लिए सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर में एकत्रित हुए और पूरे वातावरण में भक्तिभाव की अनूठी छटा बिखर गई।
यह विशेष आरती देवी भक्त ध्यानू भगत (आगरा) के परिजनों द्वारा विधि-विधान से संपन्न कराई गई। आरती की सबसे अनोखी विशेषता यह रही कि इसमें बड़े-बड़े दीपकों की तेज लौ के ऊपर सफेद चादर रखी गई, लेकिन आश्चर्यजनक रूप से चादर में कहीं भी आग नहीं लगी। इसके बावजूद दीपकों की लौ चादर के आर-पार स्पष्ट रूप से दिखाई देती रही। इस अलौकिक दृश्य को देखकर मंदिर में उपस्थित सभी श्रद्धालु आश्चर्यचकित रह गए और इसे माता की कृपा का चमत्कार मानते हुए जयकारे लगाने लगे।
मंदिर समिति के अनुसार यह विशेष आरती प्रतिवर्ष चैत्र नवरात्रि की तीज के दिन आयोजित की जाती है और इसकी परंपरा कई वर्षों से चली आ रही है। इस अवसर पर मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है और दूर-दूर से लोग इस अद्भुत आरती के दर्शन करने पहुंचते हैं।
कार्यक्रम के दौरान मंदिर के प्रमुख सेवादार एवं गणमान्य व्यक्तियों में राजू भार्गव, अशोक भार्गव, नत्थी सिंह, मनोज कुमार सहित अन्य श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर श्रद्धा और भक्ति के साथ आयोजन को सफल बनाया।
मंदिर समिति ने बताया कि नारी सेमरी गांव का यह देवी मंदिर अत्यंत प्राचीन है और क्षेत्र के लोगों की गहरी आस्था का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। चैत्र नवरात्रि के दौरान यहां भव्य मेले का भी आयोजन किया जाता है, जिसमें आसपास के गांवों सहित दूर-दराज से श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंचते हैं।
इस आयोजन ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि आस्था और श्रद्धा के समक्ष हर दृश्य अलौकिक प्रतीत होता है, और यही भक्ति की सबसे बड़ी शक्ति है।



